घर बैठे हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम करना क्यों और कैसे आसान है?
हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम फाइल करना कई बार किसी मुश्किल पहेली को सुलझाने जैसा लग सकता है। अस्पताल के बिल, ढेर सारे फॉर्म और इंश्योरेंस कंपनियों के चक्कर, यह सब सोच कर ही घबराहट होने लगती है।
लेकिन असल में, हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम करना उतना मुश्किल नहीं जितना लगता है। आपको बस सही तरीका पता होना चाहिए, ताकि जरूरत पड़ने पर आप बिना किसी परेशानी के, सिर्फ कुछ आसान स्टेप्स में अपना हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम फाइल कर सकें और समय पर सही मदद पा सकें।
हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम के प्रकार
जब बात हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम करने की आती है तो,आप दो प्रकार के हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम फाइल कर सकते हैं: पहला है कैशलेस क्लेम और दूसरा रीइंबर्समेंट क्लेम।
कैशलेस क्लेम
कैशलेस क्लेम में अस्पताल में भर्ती होने पर आपको अपनी जेब से भुगतान नहीं करना पड़ता, क्योंकि इंश्योरेंस कंपनी सीधे अस्पताल के साथ बिल सेटल कर देती है। यह सुविधा केवल नेटवर्क अस्पतालों में उपलब्ध होती है। इसके लिए आपको भर्ती से 48 घंटे पहले (प्लान्ड हॉस्पिटलाइजेशन) और आपात स्थिति में 24 घंटे के भीतर कंपनी को सूचित करना जरूरी है।
रीइंबर्समेंट क्लेम
रीइंबर्समेंट क्लेम में आपको पहले अस्पताल का बिल खुद चुकाना होता है। इलाज पूरा होने के बाद, आवश्यक डॉक्यूमेंट जमा करके आप इंश्योरेंस कंपनी से रकम वापसी का अनुरोध कर सकते हैं। इसका एक फायदा यह है कि आप अपनी पसंद के किसी भी अस्पताल में इलाज करा सकते हैं, चाहे वह कंपनी के नेटवर्क में हो या न हो।
हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम की प्रक्रिया
कैशलेस और रीइंबर्समेंट क्लेम की प्रक्रिया अलग है, लेकिन सही तरीका जानकर दोनों आसानी से किए जा सकते हैं-
कैशलेस क्लेम प्रक्रिया
- चरण 1. सबसे पहले अपनी इंश्योरेंस कंपनी के नेटवर्क हॉस्पिटल का चयन करें।
- चरण 2. एडमिशन के समय इंश्योरेंस डेस्क पर हेल्थ कार्ड दिखाए जो कंपनी ने आपको दिया है।
- चरण 3. इसके बाद, प्री-ऑथराइजेशन फॉर्म भरकर जमा करें।
- चरण 4. हॉस्पिटल यह फॉर्म इंश्योरेंस कंपनी को भेजता है, और अप्रूवल मिलने पर आपका बिल सीधे कंपनी को भेजा जाएगा।
- चरण 5. अप्रूवल के बाद, आपका बिल सीधे इंश्योरेंस कंपनी को भेजा जाएगा।
इस तरह आपको अपनी जेब से भुगतान नहीं करना पड़ता, सिवाय उन खर्चों के जो आपकी पॉलिसी में शामिल नहीं हैं।
रीइंबर्समेंट क्लेम प्रक्रिया
- चरण 1. सबसे पहले अपनी इंश्योरेंस कंपनी को अस्पताल में भर्ती होने की सूचना दें।
- चरण 2. इलाज पूरा होने के बाद, अस्पताल का पूरा बिल और सभी जरूरी दस्तावेज़ संभालकर रखें।
- चरण 3. इनमें बिल, मेडिकल रिपोर्ट और डिस्चार्ज पेपर शामिल होते हैं।
- चरण 4. इसके बाद ये सभी दस्तावेज़ इंश्योरेंस कंपनी को भेजें।
- चरण 5. कंपनी दस्तावेजों की जांच करेगी, और सही पाए जाने पर पॉलिसी की शर्तों के अनुसार तय रकम आपके बैंक खाते में ट्रांसफर कर देगी।
हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम फाइल करने के लिए जरूरी डॉक्यूमेंट
हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम फाइल करने के लिए आपको कुछ जरूरी डॉक्यूमेंट तैयार रखने होते हैं। जैसे:
- इंश्योरेंस कंपनी द्वारा दिया गया हेल्थ कार्ड
- भरा हुआ क्लेम फॉर्म
- अस्पताल से मिला डिस्चार्ज समरी/डिस्चार्ज कार्ड
- इलाज से जुड़े मेडिकल बिल
- डॉक्टर की रिपोर्ट और पर्ची
- दवाइयों का बिल
- जांच रिपोर्ट (जैसे ब्लड टेस्ट, एक्स-रे की रिपोर्ट)
- पहचान के लिए ID प्रूफ (जैसे आधार कार्ड, पैन कार्ड, वोटर आईडी)
- एफआईआर की कॉपी (दुर्घटना से जुड़े क्लेम के लिए)
- बैंक खाते का विवरण, रद्द किए गए चेक/पासबुक सहित।
हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम फाइल करते वक्त किन बातों का ध्यान रखें?
हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम दाखिल करते समय कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखें ताकि आपका क्लेम आसानी से पास हो जाए:
हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम के लिए जरूरी टिप्स
- सही दस्तावेज़ जमा करें:मेडिकल बिल, डॉक्टर की रिपोर्ट, पर्ची और अस्पताल की रसीदें इंश्योरेंस कंपनी को सही और पूरी तरह दें।
- समय सीमा का ध्यान रखें:इलाज के बाद 30 दिनों के भीतर क्लेम फाइल करें, क्योंकि हर कंपनी की एक तय समय सीमा होती है।
- पूरी जानकारी दें:फॉर्म में कोई भी जानकारी न छुपाएँ, वरना क्लेम अस्वीकृत हो सकता है।
- नियम पहले पढ़ लें:जो खर्च पॉलिसी में कवर नहीं हैं, उनका भुगतान आपको खुद करना होगा, इसलिए नियम पहले पढ़ लें।
- कैशलेस क्लेम चुनें:अगर अस्पताल कंपनी के नेटवर्क में है, तो कैशलेस ट्रीटमेंट लें ताकि बाद में क्लेम की प्रक्रिया से बचा जा सके।
- संपर्क बनाए रखें:किसी भी परेशानी पर तुरंत इंश्योरेंस कंपनी के कस्टमर केयर से बात करें, वो आपकी मदद करेंगे।
निष्कर्ष
हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम फाइल करना मुश्किल नहीं है। सही जानकारी, जरूरी डॉक्यूमेंट और पॉलिसी की समझ के साथ आप कैशलेस या रीइंबर्समेंट, दोनों तरह के क्लेम आसानी से कर सकते हैं। सही समय पर सही कदम उठाएँ, और बिना घबराहट के प्रक्रिया पूरी करें।